JNM NEWS | श्रीनगर | संवाददाता: हरदीप जमवाल

दिल्ली धमाके के तार कश्मीर से जुड़ने के इनपुट के बाद घाटी में सुरक्षा एजेंसियों ने गुरुवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए आतंक से जुड़े नेटवर्क पर नकेल कस दी।
काउंटर इंटेलिजेंस कश्मीर (CIK) ने सुबह-सुबह घाटी में 13 स्थानों पर छापेमारी की, वहीं जम्मू-कश्मीर पुलिस ने प्रतिबंधित संगठन जमात-ए-इस्लामी से जुड़े 300 से अधिक ठिकानों पर एक साथ धावा बोला।
यह तलाशी अभियान अनंतनाग, पुलवामा, शोपियां, बारामुला, सोपोर और बडगाम समेत कई जिलों में एक साथ चलाया गया। अधिकारियों के अनुसार, खुफिया इनपुट मिले थे कि जमात से जुड़े सदस्य गुप्त रूप से अपनी गतिविधियां दोबारा शुरू करने की कोशिश कर रहे थे।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने आपत्तिजनक दस्तावेज, डिजिटल डिवाइस, प्रतिबंधित किताबें और संगठन से जुड़े कई अहम सबूत जब्त किए हैं।
कई संदिग्धों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि वे किसी विध्वंसक या आतंकी साजिश में शामिल तो नहीं।
बारामुला जिले के सोपोर में ही जमात के करीब 30 से अधिक ठिकानों पर छापे मारे गए। वहीं अनंतनाग जिले में भी जमात से जुड़े लोगों और उनके सहयोगियों के घरों की तलाशी ली गई।
एक अधिकारी ने बताया—
“ये छापे जमात की गतिविधियों और उसके फंडिंग नेटवर्क की चल रही जांच का हिस्सा हैं। कई ठिकानों से बरामद डिजिटल सबूतों की फॉरेंसिक जांच की जा रही है।”
इस कार्रवाई से सुरक्षा एजेंसियों ने एक बार फिर यह साफ कर दिया है कि घाटी में आतंक या कट्टरपंथ को किसी भी कीमत पर दोबारा सिर नहीं उठाने दिया जाएगा।

