JNM पत्रकार हरदीप जम्वाल | जम्मू
पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) की अध्यक्ष और जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने दिल्ली में प्रधानमंत्री आवास के पास स्थित एक पुरानी मस्जिद को बेदखली का नोटिस दिए जाने पर केंद्र सरकार की आलोचना की है। उन्होंने इस मामले को लेकर मुस्लिम समुदाय की धार्मिक भावनाओं की अनदेखी का आरोप लगाया।
महबूबा मुफ्ती ने बृहस्पतिवार को सोशल मीडिया मंच एक्स पर अपनी प्रतिक्रिया साझा करते हुए कहा कि एक ओर विदेशों में मस्जिदों की प्रशंसा की जाती है, वहीं दूसरी ओर भारत में लगभग 120 साल पुरानी विरासत मस्जिद को बेदखली के खतरे का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने इस स्थिति को विरोधाभासी बताते हुए सवाल उठाए।
मस्जिद की बिजली और पानी की आपूर्ति काटने का भी दावा
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में प्रधानमंत्री आवास के नजदीक स्थित रेस कोर्स मस्जिद को अधिकारियों की ओर से बेदखली का नोटिस दिया गया है। रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि मस्जिद की बिजली और पानी की आपूर्ति काट दी गई है।
महबूबा मुफ्ती ने इस कार्रवाई पर आपत्ति जताते हुए कहा कि मुस्लिम देशों में मस्जिदों के प्रति सम्मान व्यक्त किया जाता है, लेकिन भारत में ऐतिहासिक महत्व रखने वाली मस्जिद को बेदखली का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने इसे मुस्लिम समुदाय की धार्मिक भावनाओं की उपेक्षा से जोड़ते हुए अपनी नाराजगी जाहिर की।
धार्मिक भावनाओं और विरासत का मुद्दा उठाया
पीडीपी प्रमुख ने अपनी प्रतिक्रिया में मस्जिद के ऐतिहासिक महत्व और धार्मिक भावनाओं का उल्लेख किया। उनका कहना है कि ऐसी परिस्थितियां विरोधाभास पैदा करती हैं और इस पर गंभीरता से विचार किए जाने की जरूरत है।
हालांकि, उपलब्ध रिपोर्ट में बेदखली नोटिस जारी करने के पीछे अधिकारियों की ओर से दिए गए विस्तृत कारण या इस मामले पर केंद्र सरकार की प्रतिक्रिया का उल्लेख नहीं है। ऐसे में नोटिस से संबंधित प्रशासनिक पक्ष और आगे की कार्रवाई को लेकर आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।


